पूर्व वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत के कार्यकाल में हुई गड़बड़ियां पर सीएम धामी की नजरें टेढ़ी,

Spread the love

देहरादून। कार्बेट नेशनल पार्क क्षेत्र के अन्तर्गत निर्माण कार्यों में की गई अनियमितता, लापरवाही और वृक्ष कटान के मामले में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सख्त रवैया अपना लिया है। इस सम्बंध में मुख्यमंत्री के निर्देश पर पार्क के निदेशक राहुल को शासन ने कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन पर कड़ी कार्रवाई होना तय माना जा रहा है। पूर्व में वन विभाग के मुखिया प्रमुख वन संरक्षक (हॉफ) की ओर से कराई गई जांच में पूरे प्रकरण में पार्क के निदेशक राहुल की संलिप्तता उजागर हुई है। ये सभी गड़बड़ियां पूर्व वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत के कार्यकाल में हुई हैं।

बीते वर्ष कार्बेट नेशनल पार्क के अन्तर्गत कंडी रोड निर्माण, गोरपट्टी तथा पाखरो वन विश्राम गृहों के निर्माण, पाखरो में जलाशय निर्माण में अनियमितता, नियमों की अवहेलना और पाखरो में प्रस्तावित टाइगर सफारी में वृक्षों के अवैध पातन की शिकायत हॉफ को मिली थी। इसी क्रम में हॉफ ने 12 जनवरी 2022 को पांच सदस्यीय जांच समिति का गठन कर इन सभी मामलों की गहन जांच के आदेश दिए थे। समिति ने 7 फरवरी 2022 को अपनी जांच आख्या हॉफ को सौंप दी थी, जिसमें कार्बेट पार्क के निदेशक राहुल को इन सभी मामलों में अनियमितता, नियमों की अवहेलना और हीलाहवाली बरतने का दोषी पाया गया। जांच में यह भी पाया गया कि निदेशक राहुल ने एफसीए में निर्गत स्टेज 1, स्टेज 2 और केन्द्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण की ओर से जारी सैद्धांतिक स्वीकृतियों की शर्तों का अनुपालन भी नहीं करवाया। इतना ही नहीं उनकी ओर से टाइगर कंजर्वेशन प्लान का मिड टर्म रिव्यू कराए जाने के लिए एनटीसीए को भी प्रस्ताव भेजने में हीलाहवाली की गई। यह तमाम कृत्य अखिल भारतीय सेवा आचरण नियमावली 1986 के विरुद्ध पाए गए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अधिकारियों को सख्त हिदायत दे चुके हैं कि भ्रष्टाचार, अनियमितता और लापरवाही के मामले उजागर होने पर दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। कार्बेट नेशनल पार्क जैसे संवेदनशील रिजर्व क्षेत्र में निर्माण कार्यों में अनियमितता और वृक्षों के अवैध पातन को लेकर मुख्यमंत्री बेहद खफा बताए जा रहे हैं। उनके निर्देश पर सचिव विजय कुमार यादव ने पार्क निदेशक राहुल को कारण बताओ नोटिस जारी कर 15 दिन के भीतर तवाब तलब किया है। ऐसे में निदेशक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होना तय माना जा रहा है।

Mankhi Ki Kalam se

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *